रेलवे (Railway) का होगा निजीकरण, सभी प्रकार की भर्तियों पर लगी रोक

Spread the love

Indian Railway

नई दिल्ली: वर्तमान में  रेलवे (Railway) अपने निजीकरण की खबरों को लेकर चर्चा में है. भारतीय रेलवे 150 ट्रेनों और 50 रेलवे  स्टेशनो की  कमान निजी कंपनियों के हाथों में देने वाली है,  इसके लिए खाका तैयार करने के लिए रेलवे (Railway) ने एक समिति का गठन किया है. इस खबर का खुलासा तब हुआ जब नीतिआयोग के CEO अमिताभ कांत ने रेलवे को एक पत्र लिखा जिसमें 50 रेलवे स्टेशनों को विस्व स्तरीय बनाने की बात कही गयी थी.

भारतीय रेल मंत्रालय द्वारा जारी एक बयान में कहा गया है की रेलवे ने प्राइवेट कंपनियों द्वारा 109 ट्रेनों को चलाने के लिए उनको रिक्वेस्ट फॉर क्वालीकिकेशन यानि RFQ आमंत्रित किया है. रेलवे निजीकरण की इस पूरी प्रक्रिया में 109 रूटों पर ट्रेन चलनी है जिसके लिए चलने वाली प्रत्येक रेलगाड़ी में तकरीबन 16 कोच होंगे वहीँ रेलवे ने कहा कि रेलवे के निजीकरण का उद्देश्य भारतीय रेल में नई तकनीक लाना, यात्रा समय कम करना, नौकरियों में बढ़ावा देने के साथ साथ यात्रियों के सफ़र को अधिक सुविधाजनक बनाना है.

रेल मंत्री पीयूष गोयल के रेलवे निजीकरण सम्बन्धी इस ट्वीट के आने के बाद विपक्षियों ने सरकार के इस फैसले पर सवाल उठाए हैं.

अब देखिये राहुल गाँधी का वह ट्वीट जिसमें उन्होंने कहा है कि भारतीय रेल जो गरीबों का एकमात्र सहारा थी सरकार अब उनसे वह भी छीन रही है, जो छीनना है छीनिए लेकिन याद रहे देश की जनता इसका करारा जवाब देगी.

आपको बता दें कि रेल मंत्रालय के एक बयान में  रेलवे ने अपने विभाग की सभी प्रकार की भर्तियों पर 3 साल के लिए रोक लगा दी है,रेलवे बोर्ड के चेयरमैन विनोद कुमार यादव के अनुसार  ये रोक 3 साल के लिए लगाई गयी है.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *